
नई दिल्ली, 18 फरवरी (पीटीआई) दिल्ली पुलिस ने इंस्टेंट डिलीवरी प्लेटफॉर्म Blinkit के खिलाफ कथित तौर पर सरकार द्वारा निर्धारित मानकों का उल्लंघन करने वाले चाकू बेचने के आरोप में मामला दर्ज किया है। एक अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी। जांच के दौरान यह पाया गया कि अपराधों में शामिल कुछ लोगों ने ये चाकू ऑनलाइन मंगवाए थे।
पुलिस ऐसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की तलाश कर रही थी, जहां इस प्रकार के चाकू बेचे जा रहे हों। इसी दौरान ब्लिंकिट पर ऐसे चाकू बिक्री के लिए सूचीबद्ध पाए गए।
मौजूदा नियमों के अनुसार, 7.62 सेमी से अधिक लंबाई और 1.72 सेमी से अधिक चौड़ाई वाले ब्लेड वाले चाकू प्रतिबंधित श्रेणी में आते हैं।
पुलिस के अनुसार, यह मामला कुछ आपराधिक मामलों की जांच के दौरान सामने आया, जिनमें शामिल लोगों द्वारा ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए चाकू खरीदे जाने की जानकारी मिली थी।
ब्लिंकिट की ओर से इस पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं हो सकी।
पश्चिमी जिला के पुलिस उपायुक्त दाराड़े शरद भास्कर ने कहा, “14 फरवरी को शस्त्र अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया, जब यह पाया गया कि ऑनलाइन बेचे जा रहे कुछ चाकू ब्लेड के आकार और विनिर्देशों को नियंत्रित करने वाली सरकारी अधिसूचनाओं का उल्लंघन कर रहे थे।”
सत्यापन के दौरान पुलिस को पता चला कि डिलीवरी प्लेटफॉर्म के माध्यम से ‘स्टेनली नाइफ’ ऑर्डर किया जा सकता है। जांच के तहत पुलिसकर्मियों ने एक ऑर्डर दिया और डिलीवरी के बाद उत्पाद की जांच की।
जांच में पाया गया कि चाकू हाथ से मोड़ा जा सकने वाला था और निर्धारित सीमा से अधिक था। पुलिस के अनुसार, ब्लेड की लंबाई लगभग 8 सेमी और चौड़ाई 2.5 सेमी थी, जो कानून के तहत “अवैध” है।
मामला दर्ज करने के बाद 15 फरवरी को पुलिस टीमों ने दिल्ली में प्लेटफॉर्म से जुड़े कई डार्क स्टोर्स (त्वरित वाणिज्य कंपनियों से जुड़े छोटे गोदाम) पर छापेमारी की और 16 अवैध चाकू बरामद किए।
16 फरवरी को कार्रवाई का दायरा बढ़ाते हुए गुरुग्राम के फर्रुखनगर स्थित एक गोदाम में छापेमारी की गई, जहां से 32 और अवैध चाकू बरामद हुए। इस तरह कुल 50 चाकू बरामद किए गए।
पुलिस ने कहा कि प्रतिबंधित वस्तुओं की आपूर्ति श्रृंखला, खरीद स्रोत और इनके भंडारण व वितरण के लिए जिम्मेदार व्यक्तियों की भूमिका की जांच की जा रही है। जांच के तहत संबंधित संस्थाओं को नोटिस भी जारी किए जा सकते हैं।
पुलिस ने यह भी बताया कि वह विभिन्न ऑनलाइन डिलीवरी प्लेटफॉर्म के साथ बातचीत कर रही है और उनसे सरकारी अधिसूचनाओं का उल्लंघन करने वाले उत्पादों को सूची से हटाने का आग्रह किया है।
