नई दिल्ली, 29 मार्च (पीटीआई) पुलिस ने रविवार को बताया कि रोहित गोदारा-गोल्डी बराड़-वीरेंद्र चरण गैंग से जुड़े एक शूटर को दिल्ली के सैनिक विहार इलाके से गिरफ्तार किया गया है। उसके पास से एक पिस्तौल और गोला-बारूद बरामद किया गया है।
आरोपी दीपक कुमार उर्फ दिलावर (26), जो उत्तर प्रदेश के उन्नाव का रहने वाला है, को 23 मार्च को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार, उसकी निशानदेही पर सैनिक विहार स्थित उसके ठिकाने से एक लोडेड सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल और पांच जिंदा कारतूस बरामद किए गए।
पुलिस ने बताया कि दीपक रोहित गोदारा-गोल्डी बराड़-वीरेंद्र चरण गैंग से जुड़ा हुआ है, जो पिछले कुछ महीनों में दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, पंजाब और अन्य राज्यों में कई जबरन वसूली के मामलों में शामिल रहा है।
स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “दिसंबर 2025 में गैंग के सदस्य वीरेंद्र चरण ने कथित तौर पर दिल्ली के एक ज्वैलर से 10 करोड़ रुपये की मांग की थी। इस संबंध में अमर कॉलोनी थाने में मामला दर्ज किया गया था, जिसे बाद में जांच के लिए स्पेशल सेल को सौंप दिया गया।”
इस मामले में रोहित, राहुल, लक्ष्मण, मोहित उर्फ चेरी और गैंगस्टर पंकज राजपूत समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार, राजपूत पंजाब में 20 से अधिक मामलों में वांछित एक कुख्यात अपराधी है।
जांच और राजपूत से पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर अधिकारियों को पंजाब के नकोदर में गैंग से जुड़े एक अन्य जबरन वसूली मामले का पता चला।
पुलिस ने बताया कि वीरेंद्र चरण ने नकोदर में एक ट्रैवल कंपनी के मालिक मनीष बक्शी से 5 करोड़ रुपये की मांग की थी। मांग पूरी न होने पर उसने 13 जनवरी को अपने साथियों को पीड़ित के दफ्तर पर गोली चलाने के निर्देश दिए, ताकि उसे डराया जा सके।
इस घटना के संबंध में नकोदर थाने में मामला दर्ज किया गया। जांच के दौरान दीपक को इस हमले में शामिल शूटरों में से एक के रूप में पहचाना गया। घटना के बाद से वह फरार था।
अधिकारी ने बताया, “आरोपी की तलाश में पंजाब और उत्तर प्रदेश में टीमें भेजी गईं। लगातार निगरानी और विशेष सूचना के आधार पर आखिरकार उसे सैनिक विहार से गिरफ्तार किया गया।”
पूछताछ के दौरान उसने बताया कि उसे पंकज राजपूत ने एक एन्क्रिप्टेड कम्युनिकेशन प्लेटफॉर्म के जरिए वीरेंद्र चरण से मिलवाया था और हथियार भी उसी ने उपलब्ध कराया था।
उसने यह भी बताया कि उसने चरण के निर्देश पर ट्रैवल एजेंसी के दफ्तर पर फायरिंग की थी और दिल्ली में गैंग की गतिविधियों के लिए आधार स्थापित करने की कोशिश कर रहा था।
पुलिस ने कहा कि मामले की आगे की जांच जारी है।

