
मेक्सिको सिटी, 21 जनवरी (एपी)
मेक्सिको के सुरक्षा मंत्री ने मंगलवार को कहा कि देश ने मैक्सिकन ड्रग कार्टेल के 37 और सदस्यों को अमेरिका भेज दिया है। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब ट्रंप प्रशासन सीमा पार मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए विभिन्न सरकारों पर दबाव बढ़ा रहा है।
मेक्सिको के सुरक्षा मंत्री ओमार गार्सिया हारफुच ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि जिन लोगों को अमेरिका भेजा गया है, वे “उच्च प्रभाव वाले अपराधी” हैं और “देश की सुरक्षा के लिए वास्तविक खतरा” थे। उन्होंने बताया कि एक साल से भी कम समय में यह तीसरी बार है जब मेक्सिको ने हिरासत में लिए गए कार्टेल सदस्यों को अमेरिका भेजा है। अब तक कुल 92 लोगों को अमेरिका स्थानांतरित किया जा चुका है।
मेक्सिकन अधिकारियों द्वारा साझा किए गए वीडियो में हथकड़ी लगाए कैदियों की एक कतार दिखाई देती है, जिन्हें भारी हथियारों से लैस और नकाबपोश अधिकारियों की निगरानी में मेक्सिको सिटी के बाहरी इलाके के एक हवाई अड्डे पर सैन्य विमान में बैठाया जा रहा है।
इंटरनेशनल क्राइसिस ग्रुप के मैक्सिको विश्लेषक डेविड मोरा ने कहा, “जैसे-जैसे दबाव बढ़ रहा है और व्हाइट हाउस की मांगें तेज हो रही हैं, (मेक्सिको सरकार) को ऐसे असाधारण कदम उठाने पड़ रहे हैं।”
अमेरिकी विदेश विभाग और न्याय विभाग ने इस मामले पर टिप्पणी के अनुरोध का तुरंत जवाब नहीं दिया।
मंगलवार को जिन लोगों को अमेरिका भेजा गया, उनमें सिनालोआ कार्टेल, बेल्ट्रान-लेइवा कार्टेल, जालिस्को न्यू जेनरेशन कार्टेल, नॉर्थईस्ट कार्टेल और तमाउलिपास राज्य में सक्रिय ज़ेटास गिरोह के अवशेष शामिल हैं। मैक्सिकन अधिकारियों ने बताया कि सभी के खिलाफ अमेरिका में मुकदमे लंबित हैं।
इनमें मारिया डेल रोसारियो नवारो सांचेज़ भी शामिल हैं, जो आतंकवादी संगठन को समर्थन देने के आरोप में अमेरिका में अभियोग का सामना करने वाली पहली मैक्सिकन नागरिक हैं।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल के महीनों में मैक्सिकन कार्टेल के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के विचार भी सार्वजनिक रूप से व्यक्त किए हैं। इस महीने वेनेजुएला में हुए एक अमेरिकी सैन्य अभियान के बाद उनका रुख और आक्रामक हो गया है।
फॉक्स न्यूज को दिए एक साक्षात्कार में ट्रंप ने कहा, “हमने पानी के रास्ते आने वाली 97 प्रतिशत ड्रग्स को रोक दिया है और अब हम ज़मीन के रास्ते कार्टेल पर कार्रवाई शुरू करेंगे।”
पिछले सप्ताह मेक्सिको की राष्ट्रपति क्लॉडिया शेनबाम ने ट्रंप से बातचीत में कहा कि अमेरिका का हस्तक्षेप “ज़रूरी नहीं” है, लेकिन दोनों देश सहयोग जारी रखेंगे।
पिछले साल फरवरी में मेक्सिको ने 29 कार्टेल सदस्यों को अमेरिका भेजा था, जिनमें ड्रग माफिया राफेल कारो क्विंतेरो भी शामिल था, जो 1985 में एक अमेरिकी डीईए एजेंट की हत्या के लिए ज़िम्मेदार था। अगस्त में 26 और कार्टेल सदस्यों को भेजा गया था।
अगस्त के बाद गार्सिया हारफुच ने कहा था कि यह फैसला सार्वजनिक सुरक्षा के लिए लिया गया, ताकि वे मेक्सिको की जेलों से अपने अवैध धंधे न चला सकें।
मेक्सिको सरकार ट्रंप प्रशासन को यह भरोसा दिलाने की कोशिश कर रही है कि वह ड्रग तस्करों के खिलाफ लड़ाई में एक विश्वसनीय साझेदार बनी हुई है।
(एपी) AMS AMS
