
नई दिल्ली, 3 नवम्बर (पीटीआई) खेल मंत्री मनसुख मंडाविया ने सोमवार को भारतीय महिला क्रिकेट टीम को उसके ऐतिहासिक आईसीसी विश्व कप खिताब जीतने पर बधाई दी और कहा कि यह उपलब्धि देश में महिला सशक्तिकरण का प्रमाण है।
भारत ने रविवार को नवी मुंबई में फाइनल में दक्षिण अफ्रीका को 52 रनों से हराकर अपना पहला महिला विश्व कप खिताब जीता।
“मैं भारतीय महिला क्रिकेट टीम को बधाई देना चाहता हूं। यह जीत देश के महिला सशक्तिकरण के प्रति सम्मान है। यह हमारी नारी शक्ति की जीत है,” मंडाविया ने यहां भारतीय हॉकी के 100 वर्ष पूरे होने के जश्न की तैयारियों की घोषणा के दौरान कहा।
भारतीय हॉकी, जिसने अब तक 13 ओलंपिक पदक (जिसमें रिकॉर्ड आठ स्वर्ण शामिल हैं) और 1975 में एक विश्व कप जीता है, 7 नवम्बर को अपना 100वां वर्ष मना रही है। हॉकी इंडिया और खेल मंत्रालय ने इसके लिए भव्य योजनाएं बनाई हैं।
मुख्य कार्यक्रम मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में आयोजित किया जाएगा, जबकि पूरे देश में समारोह मनाए जाएंगे। 550 से अधिक जिलों में एक साथ 1,400 से अधिक हॉकी मैच खेले जाएंगे, जिनमें 36,000 से अधिक जमीनी स्तर के खिलाड़ी हिस्सा लेंगे।
यह ऐतिहासिक अवसर भारत की समृद्ध हॉकी विरासत का सम्मान करेगा और उन दिग्गजों को श्रद्धांजलि देगा जिन्होंने देश को गौरवान्वित किया।
मंडाविया ने कहा, “जब भारत हॉकी के 100 वर्ष मना रहा है, हम गर्व, संघर्ष और राष्ट्रीय गौरव के एक सदी का सम्मान कर रहे हैं। यह हमारे नायकों को याद करने और उनके सफर से प्रेरणा लेने का अवसर है।”
कार्यक्रम में खेल मंत्री की टीम और हॉकी इंडिया की मिश्रित (पुरुष और महिला) टीम के बीच 30 मिनट का एक प्रदर्शनी मैच भी खेला जाएगा, जो लैंगिक समानता, टीम भावना और समावेशिता को प्रदर्शित करेगा। इसके बाद विभिन्न पीढ़ियों के हॉकी दिग्गजों का सम्मान किया जाएगा।
मंडाविया ने कहा, “सरकार भारत की खेल व्यवस्था को सशक्त बनाने के लिए निवेश, आधुनिक ढांचे और संस्थागत सुधारों के जरिए गहराई से प्रतिबद्ध है। हमारा लक्ष्य 2036 तक भारत को दुनिया के शीर्ष खेल राष्ट्रों में शामिल करना है।”
इस अवसर पर हॉकी इंडिया के अध्यक्ष दिलीप तिर्की और महासचिव भोला नाथ सिंह भी मौजूद थे।
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