सियोल, 13 जुलाई (एपी) — रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने अमेरिका, दक्षिण कोरिया और जापान को चेतावनी दी है कि वे उत्तर कोरिया को निशाना बनाकर कोई सुरक्षा साझेदारी न बनाएं। लावरोव ने यह बयान उत्तर कोरिया के पूर्वी वॉनसान शहर में दिया, जहां उन्होंने उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन से मुलाकात की और राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के संदेश भी पहुंचाए।
मुख्य बिंदु
- सैन्य सहयोग में मजबूती: किम जोंग उन ने रूस के यूक्रेन संघर्ष में रूस के सभी कदमों को “बिना शर्त समर्थन” देने की प्रतिबद्धता दोहराई। दोनों देशों ने रणनीतिक और सामरिक सहयोग को और मजबूत करने का संकल्प लिया।
- रूस-उत्तर कोरिया संबंध: हाल के वर्षों में दोनों देशों के संबंधों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। उत्तर कोरिया ने रूस को यूक्रेन युद्ध में सैनिकों और गोला-बारूद की आपूर्ति की है, जिसके बदले में उसे सैन्य और आर्थिक सहायता मिली है।
- प्रौद्योगिकी स्थानांतरण की चिंता: दक्षिण कोरिया, अमेरिका और अन्य देशों को आशंका है कि रूस उत्तर कोरिया को ऐसी संवेदनशील तकनीकें दे सकता है, जिससे उसके परमाणु और मिसाइल कार्यक्रमों का खतरा बढ़ सकता है।
- त्रिपक्षीय सैन्य अभ्यास: अमेरिका, दक्षिण कोरिया और जापान ने उत्तर कोरिया के बढ़ते परमाणु कार्यक्रम के जवाब में अपने त्रिपक्षीय सैन्य अभ्यासों को बढ़ाया है। हाल ही में तीनों देशों ने कोरियाई प्रायद्वीप के पास अमेरिकी परमाणु बमवर्षकों के साथ संयुक्त वायु अभ्यास किया।
- उत्तर कोरिया की प्रतिक्रिया: उत्तर कोरिया लंबे समय से अमेरिकी नेतृत्व वाले सैन्य अभ्यासों को आक्रमण का पूर्वाभ्यास मानता है और खुद की रक्षा के लिए परमाणु हथियार विकसित करने को मजबूरी बताता है।
- रूस का समर्थन: लावरोव ने कहा कि रूस उत्तर कोरिया की परमाणु महत्वाकांक्षाओं को समझता है और उसका सम्मान करता है। उन्होंने कहा कि उत्तर कोरिया की तकनीकें उसके अपने वैज्ञानिकों की मेहनत का नतीजा हैं।
- पर्यटन और अर्थव्यवस्था: वॉनसान शहर में उत्तर कोरिया ने हाल ही में एक विशाल समुद्र तटीय रिसॉर्ट खोला है, जो लगभग 20,000 लोगों को समायोजित कर सकता है। किम जोंग उन पर्यटन को बढ़ावा देकर देश की अर्थव्यवस्था को सुधारने की कोशिश कर रहे हैं, हालांकि सीमाओं के पूरी तरह खुलने और पश्चिमी पर्यटकों के आने की संभावना फिलहाल कम है।
निष्कर्ष
रूस और उत्तर कोरिया के बीच बढ़ती नजदीकी ने क्षेत्रीय सुरक्षा चिंताओं को बढ़ा दिया है। रूस ने स्पष्ट रूप से अमेरिका, दक्षिण कोरिया और जापान को चेतावनी दी है कि वे उत्तर कोरिया या रूस के खिलाफ कोई गठबंधन न बनाएं। वहीं, उत्तर कोरिया रूस के यूक्रेन युद्ध में पूरी तरह समर्थन देने की बात दोहरा रहा है। इस बदलते भू-राजनीतिक समीकरण पर दुनिया की नजरें टिकी हैं।

