नई दिल्ली, 11 अगस्त (पीटीआई) – संपत्ति विवाद में 2012 में अपनी चाची को जिंदा जलाने के आरोप में फरार चल रहा एक व्यक्ति 13 साल बाद गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने सोमवार को इसकी जानकारी दी।
आरोपी की पहचान सो्नु उर्फ अजय (43) के रूप में हुई है, जिसे 9 जुलाई 2012 को वेलकम थाने में दर्ज मामले में घोषित अपराधी घोषित किया गया था।
यह घटना 29 जनवरी 2012 को हुई थी, जब सोनू ने अपने तीन साथियों — अशोक, हीरा और बब्लू — के साथ मिलकर अपने चाचा की दूसरी पत्नी राजरानी उर्फ राजकुमारी पर केरोसिन डालकर आग लगा दी थी। घायल राजरानी ने बाद में दम तोड़ दिया था।
मामला 8 फरवरी 2012 को भारतीय दंड संहिता की प्रासंगिक धाराओं के तहत दर्ज किया गया था। पुलिस ने अशोक कुमार और हीरा देवी को गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन सोनू और बब्लू फरार हो गए थे।
पुलिस की सतत निगरानी और साइबर विश्लेषण के बाद सोनू को सीताराम बाजार से पकड़ा गया। पिछले वर्षों में वह नागपुर, हैदराबाद, जयपुर और राजस्थान के गोगामेड़ी जैसे शहरों में पहचान और ठिकाने बदलकर छुपा रहा।
पुलिस ने बताया कि सोनू निरक्षर है और आपराधिक पृष्ठभूमि से आता है। उसकी गिरफ्तारी के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
श्रेणी: ब्रेकिंग न्यूज़
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