ग्वांगजू (दक्षिण कोरिया), 27 सितंबर (पीटीआई): 18 वर्षीय भारतीय तीरंदाज शीतल देवी ने कंपाउंड व्यक्तिगत वर्ग में विश्व चैंपियनशिप का स्वर्ण जीतने वाली पहली महिला निहत्थी तीरंदाज बनकर इतिहास रच दिया। वहीं, तोमन कुमार ने पुरुषों के इसी वर्ग में खिताब जीतकर भारत को दो ख़िताब दिलाए। भारत ने इस रोमांचक शनिवार को पैरा विश्व तीरंदाजी चैंपियनशिप में शानदार प्रदर्शन जारी रखते हुए कुल पाँच पदक जीते।
शीतल देवी ने रचा इतिहास
- स्वर्ण पदक: शीतल देवी ने इतिहास के पन्नों में एक नया अध्याय जोड़ते हुए, कंपाउंड व्यक्तिगत स्पर्धा के फ़ाइनल में तुर्किये की विश्व नंबर 1 ओज़नूर क्यूर गिर्दी को 146-143 से हराकर स्वर्ण पदक जीता।
- अद्वितीय शैली: जम्मू-कश्मीर की यह तीरंदाज टूर्नामेंट में बिना हाथों वाली एकमात्र प्रतियोगी हैं, जो अपने पैर और ठोड़ी का उपयोग करके तीर चलाती हैं।
- पहला निहत्था स्वर्ण: उनसे पहले, केवल 2022 में यूएसए के मैट स्टुट्ज़मैन ही दुबई विश्व चैंपियनशिप के दौरान निहत्थे तीरंदाज के रूप में स्वर्ण पदक जीत पाए थे।
- जीत का बदला: यह खिताबी मुकाबला 2023 पिल्सेन विश्व चैंपियनशिप का बदला था, जहाँ गिर्दी ने शीतल को 140-138 के मामूली अंतर से हराया था। इस बार, शीतल ने दो साल पहले की अपनी हार का बदला ले लिया।
- फाइनल प्रदर्शन: महिलाओं का व्यक्तिगत फाइनल एक तनावपूर्ण मुकाबला था, लेकिन शीतल ने संयम के साथ लगातार अच्छा प्रदर्शन किया। चौथे एंड में एक चूक के बावजूद, उन्होंने 116-114 की बढ़त बनाए रखी और अंतिम एंड में तीन परफेक्ट एरो (30 स्कोर) मारकर अपनी पहली स्वर्ण जीत सुनिश्चित की।
तोमन कुमार ने भी जीता स्वर्ण
- पुरुषों का ख़िताब: तोमन कुमार ने कंपाउंड पुरुषों का खिताब जीता, जब उनके साथी भारतीय राकेश कुमार को तकनीकी खराबी के कारण फ़ाइनल से हटने के लिए मजबूर होना पड़ा।
- राकेश का हटना: पेरिस पैरालंपिक के कांस्य पदक विजेता राकेश को धनुष में पुली की समस्या के कारण चार शॉट के बाद हटना पड़ा, जिससे विश्व चैंपियनशिप में पदार्पण कर रहे तोमन को चार परफेक्ट ऐरो के साथ खिताब मिला।
भारत के अन्य पदक
| स्पर्धा | खिलाड़ी | पदक |
| कंपाउंड मिक्स्ड टीम | शीतल कुमार और तोमन कुमार | कांस्य (152-149 से ग्रेट ब्रिटेन को हराया) |
| कंपाउंड महिला ओपन टीम | शीतल देवी और सरिता | रजत (148-152 से तुर्किये से हारीं) |
| कंपाउंड पुरुष व्यक्तिगत ओपन | तोमन कुमार | स्वर्ण |
| कंपाउंड महिला व्यक्तिगत ओपन | शीतल देवी | स्वर्ण |
Export to Sheets
- कांस्य पदक का छूटना: कंपाउंड पुरुष ओपन वर्ग में श्याम सुंदर स्वामी कांस्य पदक के प्लेऑफ़ में ग्रेट ब्रिटेन के नाथन मैकक्वीन से 141-148 से हार गए, जिससे भारत क्लीन स्वीप करने से चूक गया।
शीतल देवी की ऐतिहासिक उपलब्धि भारत में पैरा-एथलीटों, खासकर महिलाओं को किस तरह प्रेरित करेगी?

