जोहान्सबर्ग, 27 अक्टूबर (एपी) – मेडागास्कर के पूर्व राष्ट्रपति एंड्री राजोएलिना को सैन्य तख्तापलट में सत्ता से बेदखल किए जाने के ठीक एक सप्ताह बाद उनकी नागरिकता छीन ली गई है।
नागरिकता छीने जाने का कारण
- राजोएलिना की स्थिति: राजोएलिना, जिनका ठिकाना अज्ञात है और जो इस्तीफे की मांग को लेकर हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद देश से भाग गए थे, उनके पास फ्रांसीसी नागरिकता भी है।
- नए प्रधानमंत्री का आदेश: देश के नए प्रधानमंत्री, हेरिनत्सलामा राजाओनारिवेलो ने एक अध्यादेश पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसमें उन कानूनों का हवाला दिया गया है जो दूसरे देश की नागरिकता रखने वाले सभी मेडागास्कर वासियों से उनकी नागरिकता छीन लेते हैं।
- विवाद की पृष्ठभूमि: राजोएलिना के पास फ्रांसीसी राष्ट्रीयता होने के कारण पहले भी 2023 के चुनावों में राष्ट्रपति पद के लिए उनकी पात्रता को लेकर बहस छिड़ी थी, जिसे उन्होंने जीता था।
सैन्य तख्तापलट और विरोध प्रदर्शन
- विरोध प्रदर्शन: वह युवा नेतृत्व वाले विरोध प्रदर्शनों के चरम पर देश छोड़कर भाग गए थे, जिसमें कई शहरों में हजारों लोग सड़कों पर उतर आए थे। संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, सुरक्षा बलों द्वारा शुरू में किए गए सख्त कार्रवाई में 22 लोग मारे गए और 100 से अधिक घायल हुए थे।
- सैन्य हस्तक्षेप: उस समय, उन्होंने कहा था कि उन्हें अपनी जान का डर है, और सैन्य अधिग्रहण से कुछ दिन पहले उन्होंने एक अज्ञात स्थान से राष्ट्र को संबोधित किया था। बाद में कर्नल माइकल रैंड्रियानारिना को राष्ट्रपति के रूप में शपथ दिलाई गई और सेना ने सत्ता संभाल ली।
- मेडागास्कर का इतिहास: 1960 में फ्रांस से स्वतंत्रता प्राप्त करने के बाद से मेडागास्कर में कई नेताओं को तख्तापलट में हटाया गया है और इसका राजनीतिक संकटों का इतिहास रहा है।
- राजोएलिना का उदय: 51 वर्षीय राजोएलिना पहली बार 2009 के तख्तापलट के बाद एक संक्रमणकालीन सरकार के नेता के रूप में प्रमुखता में आए थे, जिसने तत्कालीन राष्ट्रपति मार्क रावालोमानना को देश छोड़ने के लिए मजबूर किया था।
- जनता की नाराजगी: नवीनतम युवा विद्रोह के केंद्र में लगातार पानी और बिजली कटौती थी, लेकिन यह जल्द ही गरीबी और बेरोजगारी जैसे अन्य मुद्दों पर निराशा में बदल गया।

