वीज़ा मुद्दे सुलझे, भारत के लिए मेडिकल वीज़ा फिर से शुरू होंगे: अफ़ग़ान मंत्री

**EDS: THIRD PARTY IMAGE** In this image posted on Nov. 24, 2025, Union Minister of Commerce and Industry Piyush Goyal with Afghanistan's Commerce and Industry Minister Alhaj Nooruddin Azizi during a meeting. (@PiyushGoyal/X via PTI Photo)(PTI11_24_2025_000422B)

नई दिल्ली, 25 नवम्बर (PTI)

अफ़ग़ानिस्तान के वाणिज्य और उद्योग मंत्री अलहाज नूरुद्दीन अज़ीज़ी ने सोमवार को कहा कि अफ़ग़ानिस्तान का एक व्यावसायिक अटैची (Commercial Attache) अगले एक महीने में भारत आएगा। उन्होंने यह भी बताया कि दोनों देशों के बीच व्यापार को 1 अरब डॉलर से “काफ़ी अधिक” बढ़ाने का लक्ष्य है।

अज़ीज़ी ने बताया कि उनके दौरे के दौरान कई मुद्दों पर चर्चा हुई —

  1. व्यापार और मेडिकल वीज़ा
  2. एयर व लैंड कॉरिडोर,
  3. चाबहार पोर्ट,
  4. और भारत–अफ़ग़ानिस्तान के बीच नई व्यापारिक मार्ग खोलने की संभावनाएँ।

वीज़ा संबंधी समस्या हल हो गई

उन्होंने स्पष्ट कहा कि व्यापारियों के लिए वाणिज्य वीज़ा, और आम लोगों के लिए मेडिकल वीज़ा फिर से जारी किए जाएंगे

अफ़ग़ान लोग अब भारतीय दूतावास, काबुल से वीज़ा के लिए आवेदन कर सकेंगे।

भारत इलाज के लिए पहली पसंद

2021 में तालिबान के सत्ता में आने से पहले, भारत अफ़ग़ान मरीजों के इलाज के लिए सबसे पसंदीदा देश था। अब मेडिकल वीज़ा बहाल होने से यह सुविधा फिर शुरू होगी।

निजी क्षेत्र में साझेदारी की इच्छा

अज़ीज़ी ने कहा कि अफ़ग़ानिस्तान निजी क्षेत्र में भारत के साथ मिलकर काम करना चाहता है। उन्होंने यह भी कहा कि एक बड़ी भारतीय अस्पताल श्रृंखला का एक यूनिट अफ़ग़ानिस्तान में खोले जाने की संभावना पर चर्चा हुई है।

कर शुल्क खत्म करने का लक्ष्य

अज़ीज़ी ने कहा कि उनका लक्ष्य “नॉन-टैरिफ फीस को ज़ीरो” तक लाना है ताकि व्यापार और आसान हो सके।

जॉइंट चैंबर ऑफ कॉमर्स को मज़बूत किया जाएगा

दौरे में यह भी तय हुआ कि दोनों देशों के निजी क्षेत्र को जोड़ने वाला संयुक्त वाणिज्य मंडल और सक्रिय किया जाएगा।

भारत में निवेश का निमंत्रण

ASSOCHAM द्वारा आयोजित कार्यक्रम में अज़ीज़ी ने भारतीय कंपनियों को अफ़ग़ानिस्तान में निवेश करने का निमंत्रण दिया।

उन्होंने खनन, कृषि, स्वास्थ्य, दवा उद्योग, आईटी, ऊर्जा और वस्त्र क्षेत्र को संभावनाओं से भरपूर बताया।

उन्होंने निवेशकों के लिए 5 साल का टैक्स छूट (Tax Holiday) देने का प्रस्ताव भी रखा, खासकर नए क्षेत्रों जैसे सोना खनन में।

पाकिस्तान से तनाव व्यापार में बाधा

उन्होंने स्वीकार किया कि पाकिस्तान के साथ मौजूदा तनाव से भारत–अफ़ग़ानिस्तान व्यापार प्रभावित हो रहा है।