डेवोन कॉनवे का दोहरा शतक, न्यूज़ीलैंड 400 के पार

Devon Conway of New Zealand bats during the One Day International cricket match between New Zealand and England in Wellington, New Zealand, Saturday, Nov. 1, 2025. AP/PTI(AP11_01_2025_000086B)

माउंट माउंगानुई, 19 दिसंबर (एपी) – डेवोन कॉनवे ने चार साल पहले अपने पहले टेस्ट मैच की पहली पारी के बाद पहली बार दोहरा शतक जड़ा, जिसकी बदौलत न्यूज़ीलैंड ने वेस्टइंडीज के खिलाफ तीसरे टेस्ट के दूसरे दिन शुक्रवार को लंच तक 3 विकेट पर 424 रन बना लिए।

पहले सत्र में न्यूज़ीलैंड ने नाइटवॉचमैन जैकब डफी (17) और खराब फॉर्म से जूझ रहे केन विलियमसन (31) के विकेट गंवाए, लेकिन कॉनवे अडिग रहे और लंच तक 224 रन पर नाबाद रहे। रचिन रवींद्र 4 रन बनाकर नाबाद थे।

तीन मैचों की सीरीज़ में न्यूज़ीलैंड 1-0 से आगे है। पहला टेस्ट ड्रॉ रहा था, जबकि दूसरे टेस्ट में ब्लैक कैप्स ने नौ विकेट से जीत दर्ज की थी।

कॉनेवे ने 178 रन से आगे खेलना शुरू किया था। उन्होंने पहले दिन पूरा खेलते हुए टॉम लैथम के साथ 323 रन की ओपनिंग साझेदारी की थी। लैथम ने 137 रन बनाए थे।

कॉनेवे ने क्रीज़ पर सात घंटे से अधिक समय बिताने के बाद 316 गेंदों में 28 चौकों की मदद से अपना दोहरा शतक पूरा किया।

उन्होंने जून 2021 में इंग्लैंड के खिलाफ अपने पहले टेस्ट की पहली पारी में दोहरा शतक बनाया था, जो न्यूज़ीलैंड के लिए खेलने की पात्रता हासिल करने के तुरंत बाद आया था। वह स्कोर 58 पारियों तक उनका सर्वोच्च स्कोर रहा, जिसे उन्होंने शुक्रवार को पार किया।

दूसरे दिन की शुरुआत में न्यूज़ीलैंड का स्कोर 1 विकेट पर 334 रन था और डफी 9 रन पर नाबाद थे। डफी ने दो शुरुआती चौके लगाए, लेकिन 350 के कुल स्कोर पर जेडन सील्स की गेंद पर विकेटकीपर टेविन इमलाच को कैच दे बैठे।

इसके बाद बल्लेबाज़ी करने आए केन विलियमसन, जो पहले दिन पूरे समय पैड पहनकर अपनी बारी का इंतज़ार कर रहे थे, शुरुआत में जूझते दिखे। उन्होंने 60 गेंदों का सामना किया और 5 चौकों की मदद से 31 रन बनाए, लेकिन ड्राइव करने के प्रयास में गेंद बाहरी किनारा लेकर विकेटकीपर के पास चली गई।

कमजोर वेस्टइंडीज आक्रमण के खिलाफ कॉनवे को भी कुछ मौकों पर परेशानी हुई। तेज़ गेंदबाज़ केमार रोच हैमस्ट्रिंग की चोट के कारण कम से कम दूसरे दिन के शेष हिस्से के लिए बाहर हो गए हैं।

कॉनेवे को 206 रन पर रोस्टन चेज़ की गेंद पर शॉर्ट कवर पर कावेम हॉज ने जीवनदान दिया। उन्होंने कुछ गेंदों को छोड़ने में भी जोखिम लिया, जो ऑफ स्टंप के बेहद करीब से गुज़रीं। इसके बावजूद न्यूज़ीलैंड ने 111 ओवर में 400 रन का आंकड़ा पार कर लिया।

पहले दिन का खेल समाप्त होने के बाद मीडिया से बात करते हुए कॉनवे ने न्यूज़ीलैंड में ओपनिंग बल्लेबाज़ी को चुनौतीपूर्ण बताया।

उन्होंने कहा, “ओपनिंग बल्लेबाज़ी दुनिया भर में, सिर्फ यहां ही नहीं, एक कम सराहा गया काम है। यह सफर आसान नहीं रहा। अक्सर आप टेस्ट मैच के पहले दिन मैदान पर पहुंचते हैं और देखते हैं कि पिच काफी हरी है।

मानसिक रूप से आप पहले ही सोच लेते हैं कि इस पिच पर गेंद काफी हरकत करेगी। ऐसे में टॉम लैथम जैसे खिलाड़ी को श्रेय जाता है, जिन्होंने करीब 90 टेस्ट खेले हैं और बेहतरीन प्रदर्शन किया है।”

(एपी)