
मुंबई, 8 फरवरी (पीटीआई)
इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने रविवार को यहां टी20 विश्व कप के अपने शुरुआती मुकाबले में नेपाल के बल्लेबाजों द्वारा प्रमुख स्पिनर आदिल राशिद के खिलाफ अपनाए गए आक्रामक रवैये पर हैरानी जताई।
पूर्व चैंपियन इंग्लैंड ने 185 रनों का बड़ा लक्ष्य देने के बाद चार रन से जीत दर्ज की, लेकिन उसे कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ा।
मैच के बाद प्रस्तुति समारोह में ब्रूक ने कहा,
“यह बिल्कुल भी आसान नहीं था, शुक्र है कि हम जीत दर्ज कर पाए। नेपाल ने बेहद अच्छा खेल दिखाया और बहुत कम टीमें आदिल राशिद को इस तरह खेल पाती हैं। मुझे लगा था कि हम लक्ष्य का बचाव करने की अच्छी स्थिति में हैं। मैं उन्हें टूर्नामेंट के बाकी मैचों के लिए शुभकामनाएं देता हूं।”
इंग्लैंड की टीम ने जैकब बेथेल और हैरी ब्रूक के आक्रामक अर्धशतकों तथा विल जैक्स की 18 गेंदों पर 39 रन की तेज पारी की बदौलत सात विकेट पर 184 रन बनाए।
ब्रूक ने कहा,
“बेथेल ने शानदार बल्लेबाजी की। जिस तरह वह पीछे हटकर स्पिनरों को स्टैंड्स में भेज रहे थे, वह देखने लायक था। मैंने बस यही कहा कि अगर हम 2-3 विकेट ले लें तो मैच का रुख बदल सकता है। हमारे पास कई विकल्प हैं। मुझे नहीं लगता कि सैम (करन) ने काफी देर तक गेंदबाजी की।”
उन्होंने आगे कहा,
“राशिद को थोड़ी मार पड़ी और ऐसा बहुत कम होता है कि वह अपने चार ओवर पूरे न करें। मुझे पूरा भरोसा है कि वह वापसी करेंगे। उन्हें अच्छी तरह पता था कि उन्हें क्या गेंदबाजी करनी है।”
नेपाल के कप्तान रोहित पौडेल ने कहा कि उनकी टीम टूर्नामेंट में सिर्फ भाग लेने नहीं आई है, बल्कि एक-दो उलटफेर करने के इरादे से उतरी है, जिसकी झलक इंग्लैंड के खिलाफ उनके प्रदर्शन में साफ दिखी।
उन्होंने कहा,
“मुझे लगता है कि लड़कों ने अपना सबकुछ झोंक दिया। मुझे उन पर बहुत गर्व है। जब हम इस विश्व कप में आए थे, तब हमारे अंदर विश्वास था। हम यहां सिर्फ भाग लेने नहीं आए। नतीजा हमारे पक्ष में नहीं रहा, लेकिन प्रयास के लिहाज से हमने हर विभाग में 100 प्रतिशत दिया। आखिरी ओवर में सैम करन ने वाकई बहुत अच्छी गेंदबाजी की। हम इससे सीखेंगे।”
लक्ष्य का पीछा करने को लेकर रोहित ने कहा,
“हम गणना कर रहे थे। हम चाहते थे कि आखिरी कुछ ओवरों में हमारे पास विकेट हों और प्रति ओवर 10 रन की जरूरत रहे। आदिल राशिद को निशाना बनाने की कोई खास योजना नहीं थी, बस ऐसा हो गया। हम किसी भी टीम को हल्के में नहीं लेंगे।”
उन्होंने आगे कहा,
“एक टीम के तौर पर हमें अपना 100 प्रतिशत देना होगा। हमारे समर्थक बेहद जुनूनी हैं। पूरा काठमांडू और नेपाल यहां हमें समर्थन देने आया था। मुझे लगता है कि पूरा नेपाल हम पर गर्व करेगा।”
‘मैन ऑफ द मैच’ विल जैक्स ने भी नेपाल को पूरा श्रेय दिया।
उन्होंने कहा,
“पूरा श्रेय नेपाल को जाता है। उन्होंने शानदार खेल दिखाया। जब हमने बल्लेबाजी की थी, तब ही समझ आ गया था कि पिच चुनौतीपूर्ण है, लेकिन उन्होंने हमारे खिलाफ वाकई बहुत अच्छा खेला और हमें आखिरी दम तक दबाव में रखा।”
अपनी बल्लेबाजी पर जैक्स ने कहा,
“बीच में कुछ समय बिताना अच्छा लगा। पिछले एक महीने में मुझे ज्यादा बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला था। चीजों को सरल रखते हुए और दूसरे बल्लेबाजों से हालात समझकर खेलना आसान हो गया।”
यह पूछे जाने पर कि क्या नेपाल ने आखिरी ओवर में तेज गेंदबाजी कर गलती की, जिसमें 21 रन गए, जैक्स ने कहा,
“मैंने देखा कि वे आपस में चर्चा कर रहे थे। हेलमेट भी मैदान में आ गया था और फिर बाहर चला गया। बाद में देखें तो शायद कुछ और कर सकते थे, लेकिन कुल मिलाकर उनकी रणनीति काफी अच्छी थी।”
उन्होंने कहा कि अगर पिचें इसी तरह का व्यवहार करती रहीं, तो आगे के मैचों में परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढालना बेहद अहम होगा।
