
नई दिल्ली, 16 फरवरी (पीटीआई) — केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने सोमवार को कहा कि कई राज्यों में फैली नक्सली हिंसा अब अंतिम सांसें ले रही है और मार्च 2026 तक इसे पूरी तरह समाप्त कर दिया जाएगा।
यहां दिल्ली पुलिस स्थापना दिवस समारोह को संबोधित करते हुए शाह ने यह भी रेखांकित किया कि केंद्र सरकार एक ऐसा मजबूत सुरक्षा तंत्र विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है, जिससे एक भी घुसपैठिया देश की सीमाएं पार न कर सके।
शाह ने कहा कि 2014 से, प्रधानमंत्री Narendra Modi के नेतृत्व में बीते 12 वर्ष देश की आंतरिक सुरक्षा के इतिहास का “स्वर्णिम काल” रहे हैं। उन्होंने बताया कि 2014 से पहले देश तीन प्रमुख समस्याओं से जूझ रहा था — जम्मू-कश्मीर में उग्रवाद, वामपंथी उग्रवाद (नक्सलवाद) और पूर्वोत्तर में हिंसा।
उन्होंने कहा कि 11 राज्यों में फैला नक्सलवाद हमेशा से देश की आंतरिक सुरक्षा के लिए बड़ी चुनौती रहा है। शाह ने कहा, “हम नक्सलवाद को पूरी तरह खत्म करने के बहुत करीब हैं और 31 मार्च 2026 तक पूरे देश को नक्सली हिंसा से मुक्त करने में निश्चित रूप से सफल होंगे।”
उन्होंने बताया कि पूर्वोत्तर में भी 10,000 से अधिक युवाओं ने हथियार छोड़कर मुख्यधारा में वापसी की है और 12 से अधिक शांति समझौतों के माध्यम से केंद्र ने शांति स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किया है।
शाह ने कहा कि आने वाले समय में गृह मंत्रालय पूरे देश में सीसीटीवी कैमरों का जाल बिछाकर एक नया सुरक्षा तंत्र स्थापित करेगा। उन्होंने कहा, “गृह मंत्रालय का पूरा ध्यान देश की प्रत्येक जमीनी सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था के आधुनिकीकरण, देश को घुसपैठियों से मुक्त बनाने और तीन नए न्याय संहिताओं (आपराधिक कानूनों) के पूर्ण क्रियान्वयन पर रहेगा।”
दिल्ली पुलिस स्थापना दिवस पर शाह ने पुलिस बल की “उत्कृष्ट और सफल” जिम्मेदारी निर्वहन के लिए सराहना की और कहा कि राजधानी की सुरक्षा वैश्विक मानकों के अनुरूप होनी चाहिए।
उन्होंने दिल्ली पुलिस की विशेष शाखा के एकीकृत मुख्यालय सहित विभिन्न परियोजनाओं की आधारशिला रखी। साथ ही ‘सेफ सिटी प्रोजेक्ट’ के पहले चरण का उद्घाटन किया, जिसके तहत 21,000 सीसीटीवी कैमरों से युक्त एक आधुनिक कमांड कंट्रोल सेंटर स्थापित किया गया है, जिनमें से 10,000 कैमरे पहले चरण में चालू हो चुके हैं।
शाह ने कहा कि सेफ सिटी प्रोजेक्ट आने वाले दिनों में दिल्ली की सुरक्षा को उल्लेखनीय रूप से मजबूत करेगा। (पीटीआई)
