
छतरपुर (मप्र), 13 मार्च (पीटीआई): उत्तर प्रदेश की सीमा से सटे बुंदेलखंड क्षेत्र के मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में अधिकारियों ने दो दिनों तक चली छापेमारी के दौरान घरेलू रसोई गैस के 38 एलपीजी सिलेंडर जब्त किए हैं।
अधिकारियों ने गुरुवार को बताया कि यह कार्रवाई पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के कारण वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति बाधित होने से रसोई गैस सिलेंडरों की कमी की खबरों के बीच की गई।
राज्य में कई एलपीजी एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें देखी जा रही हैं। हालांकि केंद्र सरकार ने कहा है कि देश में पेट्रोल, डीजल, केरोसिन या एलपीजी की कोई कमी नहीं है।
छतरपुर जिला प्रशासन ने अधिकारियों को कालाबाजारी, अवैध भंडारण और घरेलू एलपीजी सिलेंडरों के दुरुपयोग के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे, जिसके बाद ये छापेमारी की गई।
ताजा कार्रवाई में गुरुवार को राजस्व और खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने नौगांव क्षेत्र के बिलहरी गांव में स्थित एक पानी के प्लांट से 13 खाली एलपीजी सिलेंडर जब्त किए।
अधिकारियों के अनुसार ये सिलेंडर अवैध रूप से रखे गए थे और इन्हें व्यावसायिक उपयोग के लिए खरीदा-बेचा जा रहा था।
यह छापा उपमंडल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) जी.एस. पटेल के नेतृत्व में प्रभारी जिला कलेक्टर नमः शिवाय अर्जरिया के निर्देश पर डाला गया।
एक अन्य कार्रवाई में बुधवार को अधिकारियों ने छतरपुर शहर की विश्वनाथ कॉलोनी में एक घर से 25 एलपीजी सिलेंडर जब्त किए।
जिला खाद्य अधिकारी सीताराम कोठारे ने बताया कि अधिकारियों को एक शिकायत मिली थी कि सेवानिवृत्त शिक्षक श्यामलाल अहिरवार के घर में सिलेंडरों का अवैध भंडारण किया गया है।
स्थानीय तहसीलदार, नायब तहसीलदार और खाद्य निरीक्षक की टीम ने घर पर छापा मारकर 25 सिलेंडर जब्त किए, जिनमें 22 खाली थे।
कोठारे ने बताया कि आरोपित के खिलाफ पेट्रोलियम अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। (पीटीआई)
